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क्यों होती हैं टिंगलिंग, कैसे इससे पाएं निजात !

अक्सर देखा जाता है काफी देर तक बैठे रहने से कई बार पैरों में झनझनाहट होती है। मेडिकली भाषा में इसे टिंगलिंग (झनझनाहट) कहते हैं। ऐसा लगता है जैसे पैर सुन्न हो गए हो। लेकिन आपको इसे हल्‍के में नहीं लेना चाहिए।

इस समस्‍या से ज्यादातर लोग परेशान रहते हैं, लेकिन कई लोग इसे नजरअंदाज कर देते हैं, कभी जानते नहीं हैं कि इस समस्‍या की क्‍या वजह है? आपको बता दें कि इस समस्‍या के पीछे कई गंभीर बीमारियां भी हो सकती हैं।

झनझनाहट क्या है?

झुनझुनी का कारण एक ही जगह पर लंबे समय तक बैठे रहना, लगातार बैठे रहना, नसों का दबना, एक ही तरफ देर तक लेटे रहना आदि हो सकते हैं। हाथों-पैरों में होने वाली झनझनाहट को अक्सर सुई की चुभन की तरह देखा जाता है।

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इस समस्या के अंतर्गत हाथ या पैर का कोई भी भाग सुन्न पड़ जाता है और तेज झनझनाहट का एहसास होता है। ऐसे में जरूरी पोषक तत्वों की कमी के कारण हाथ और पैरों में झनझनाहट होना शुरू हाे जाता है। यह संकेत है कि आपको अपने आहार पर ध्यान देना चाहिए।

विटामिन बी और ई की कमी:

विटामिन बी की कमी को पूरा करने के लिए इन खाद्य पदार्थों को दैनिक आहार में शामिल करना होगा। विटामिन बी के लिए बीन्स, दाल, मांस, मछली, आलू और सूखे मेवों से विटामिन बी प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा पनीर, दूध, छाछ, दही जैसे डेयरी उत्पादों से आपको भरपूर मात्रा में विटामिन बी मिलेगा।

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शाकाहारी लोग हर सुबह नाश्ते में दाल खा सकते हैं। सूखे मेवों में विटामिन इ प्रचुर मात्रा में होता है। एवोकाडो एक ऐसा फल है जो विटामिन ई से भरपूर होता है। बादाम विटामिन ई से भी भरपूर होते हैं। सूरजमुखी के बीज और तेल में विटामिन ई भी उच्च मात्रा में पाया जाता है।

कुछ दवाओं का साइड इफेक्ट:

नर्व से जुड़ी समस्याएं प्रिसक्राइब्ड दवाइयों के साइड इफेक्ट के रूप में देखने को मिल सकती हैं। ट्यूबरक्लोसिस, हाई ब्लड प्रेशर, एचआईवी और कई अन्य संक्रमण की वजह से भी कभी-कभी हाथ और पैर सुन्न पड़ जाते हैं और इनमें झनझनाहट महसूस होती है।

इस परेशानी से कैसे निजात पाएं 

मसाज करें:

यदि आपको यह समस्या परेशान कर रही है, तो सबसे पहले अपने मसल्स को रिलैक्स रखने और ब्लड फ्लो इंप्रूव करने के लिए पैर एवं हाथों की मालिश करें।

योग और मेडिटेशन का अभ्यास करें:

यदि यह समस्या बार-बार आपकी परेशानी का कारण बन रहा है, तो ऐसे में योगा और मेडिटेशन आपकी मदद कर सकते हैं। यह अभ्यास ब्लड सर्कुलेशन को इंप्रूव करते हैं और नर्व को हेल्दी रहने में मदद करते हैं। जिस वजह से दर्द और झनझनाहट होने जैसी समस्याएं नहीं होती।

शरीर को आवश्यक पोषण दें:

यदि आपको झनझनाहट महसूस हो रहा है, तो कहीं यह आपकी कमजोरी का लक्षण तो नहीं। ऐसे में शरीर को आवश्यकता अनुसार पोषण देने की कोशिश करें। साथ ही तरह-तरह के हेल्दी खाद्य पदार्थों को अपनी डाइट में शामिल करें, जो कि शरीर में विटामिन और मिनरल्स की मात्रा को बनाए रखने में आपकी मदद करेगा।

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